अपने अध्ययन दौरे के क्रम में मालदीव पहुंचे बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने बिस्कोमान बिहार-झारखंड की वार्षिक आमसभा को ऑनलाइन माध्यम से संबोधित करते हुए कहा कि सहकारिता केवल आर्थिक गतिविधि नहीं, बल्कि किसानों और ग्रामीण समाज को संगठित एवं आत्मनिर्भर बनाने का प्रभावी माध्यम है।
उन्होंने कहा कि बिस्कोमान बिहार और झारखंड में कार्यरत प्रमुख बहुराज्यीय सहकारी संस्थाओं में से एक है। कृषि आदानों की उपलब्धता, उर्वरक वितरण, किसान सेवा केंद्रों, गोदामों एवं कोल्ड स्टोरेज के माध्यम से संस्था किसानों की आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने सहकारिता को नई गति देने के लिए अलग सहकारिता मंत्रालय बनाया है। “सहकार से समृद्धि” के लक्ष्य के तहत पैक्स के कंप्यूटरीकरण, बहुउद्देशीय पैक्स, सहकारी भंडारण, कृषि विपणन और सहकारी संस्थाओं के आधुनिकीकरण पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि बिहार में भी सहकारिता को प्राथमिकता दी जा रही है। हजारों पैक्स को डिजिटल एवं बहुउद्देशीय गतिविधियों से जोड़ा गया है। पैक्स के माध्यम से सीएससी, उर्वरक वितरण, पीएम किसान समृद्धि केंद्र, बैंकिंग सेवाएं और भंडारण जैसी गतिविधियों का विस्तार हो रहा है।
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि बिस्कोमान को राष्ट्रीय सहकारी निर्यात व्यवस्था से जोड़ना किसानों के उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने संस्था से पारदर्शिता, वित्तीय अनुशासन, आधुनिक तकनीक और किसान-केंद्रित सेवाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया।
उन्होंने बिस्कोमान के पदाधिकारियों, कर्मचारियों, सदस्यों और किसानों को वार्षिक आमसभा के अवसर पर शुभकामनाएं देते हुए संस्था के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।